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नया रायपुर में अतिक्रमण प्रभावित 65 परिवारों का होगा पुनर्वास, सेक्टर-30 के ईडब्ल्यूएस आवासों में मिलेगा नया आशियाना

रायपुर  : नया रायपुर के ग्राम नकटी स्थित शासकीय भूमि से अतिक्रमण हटाने की कार्रवाई के साथ ही राज्य सरकार ने प्रभावित परिवारों के पुनर्वास की प्रक्रिया भी शुरू कर दी है। शासन-प्रशासन ने अतिक्रमण से प्रभावित 65 पात्र परिवारों को बेघर छोड़ने के बजाय नया रायपुर अटल नगर के सेक्टर-30 स्थित ईडब्ल्यूएस (आर्थिक रूप से कमजोर वर्ग) आवासों में बसाने का निर्णय लिया है। इन परिवारों को पक्के मकान के साथ बिजली, पेयजल, सड़क, सीवर, सामुदायिक भवन, उद्यान और अन्य शहरी सुविधाओं से युक्त आवास उपलब्ध कराए जा रहे हैं।

जानकारी के अनुसार, ग्राम नकटी की लगभग 38 एकड़ शासकीय भूमि में से करीब 12 एकड़ भूमि विशेष योजना के लिए उपयोग में लाई जाएगी, जबकि शेष 26 एकड़ क्षेत्र में छत्तीसगढ़ गृह निर्माण एवं अधोसंरचना विकास मंडल द्वारा स्ववित्तीय सामान्य आवास योजना विकसित की जाएगी।

जिला प्रशासन ने पुनर्वास के लिए 65 पात्र परिवारों की सूची गृह निर्माण एवं अधोसंरचना विकास मंडल को सौंप दी है। सूची में शामिल परिवारों को 29 जून 2026 को प्रधानमंत्री आवास योजना के तहत सेक्टर-30 में निर्मित रिक्त ईडब्ल्यूएस आवासों का अस्थायी आवंटन कर दिया गया है।

सरकार ने केवल आवास आवंटित करने तक ही प्रक्रिया सीमित नहीं रखी है, बल्कि उन्हें रहने योग्य बनाने के लिए आवश्यक सुविधाएं भी उपलब्ध कराई जा रही हैं। आवासों में ट्यूबलाइट, पंखे और विद्युत व्यवस्था पूरी कर दी गई है, ताकि परिवारों को तत्काल रहने में किसी प्रकार की परेशानी न हो।

पुनर्वास प्रक्रिया की पारदर्शिता सुनिश्चित करने के लिए मुख्यालय के अपर आयुक्त की अध्यक्षता में आठ सदस्यीय समिति गठित की गई है। समिति में उपयुक्त, कार्यपालन अभियंता, संपदा अधिकारी और सहायक अभियंताओं सहित अन्य अधिकारी शामिल हैं। समिति यह सुनिश्चित करेगी कि प्रत्येक पात्र परिवार को निर्धारित आवास मिले और पूरी प्रक्रिया व्यवस्थित एवं निष्पक्ष तरीके से पूरी हो।

सेक्टर-30 में कुल 1,376 ईडब्ल्यूएस (जी+3) आवास निर्मित हैं, जिनमें चौथी मंजिल पर उपलब्ध 109 रिक्त आवास पुनर्वास के लिए चिन्हित किए गए हैं। लगभग 31.45 वर्गमीटर (338.40 वर्गफीट) क्षेत्रफल वाले इन आवासों में पक्की सड़कें, वॉकिंग ट्रैक, सार्वजनिक उद्यान, सामुदायिक भवन, शॉपिंग कॉम्प्लेक्स, सीवर नेटवर्क और नियमित जलापूर्ति जैसी सभी मूलभूत शहरी सुविधाएं उपलब्ध हैं।

छत्तीसगढ़ गृह निर्माण एवं अधोसंरचना विकास मंडल का कहना है कि सरकार की प्राथमिकता केवल शासकीय भूमि को अतिक्रमण मुक्त कराना नहीं, बल्कि प्रभावित परिवारों का सम्मानजनक और स्थायी पुनर्वास सुनिश्चित करना है। इसी उद्देश्य से आवास आवंटन से लेकर सभी आवश्यक सुविधाएं उपलब्ध कराने तक प्रत्येक चरण की निगरानी की जा रही है।

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